ललितपुर। जनता की विभिन्न समस्याओं के एक ही स्थान पर त्वरित और प्रभावी निस्तारण के उद्देश्य से सोमवार को सदर तहसील में सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी सत्य प्रकाश की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यक्रम में उन्होंने प्रत्येक शिकायतकर्ता की समस्याओं को बारी-बारी से सुना और कई जनशिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कराकर राहत पहुंचाई। शेष शिकायती पत्रों को संबंधित विभागों के अधिकारियों को सौंपते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जांच के दौरान शिकायतकर्ता की उपस्थिति सुनिश्चित की जाए, ताकि निस्तारण से वे पूरी तरह संतुष्ट हो सकें।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि तहसील में आने वाले प्रत्येक फरियादी की समस्या का समाधान त्वरित और पारदर्शी तरीके से होना चाहिए। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही, उन्होंने तहसील के अधिकारियों और कर्मचारियों को कार्यालय व्यवस्था बेहतर रखने, अभिलेखों का सही रख-रखाव करने और आमजन को त्वरित सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए निर्देशित किया ताकि कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बनी रहे।
जनसुनवाई के दौरान कई महत्वपूर्ण मामले सामने आए। ग्राम थनवारा निवासी शिवप्रसाद ने अपनी भूमि पर विपक्षियों द्वारा अवैध कब्जे की शिकायत की। लक्ष्मीपुरा सिविल लाइन निवासी निर्मल कुमार ने विपक्षियों पर बाउंड्री तोड़ने, कृषि कार्य में बाधा डालने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया। चौकाबाग निवासी कमला सिंह ने हदबंदीशुदा भूमि पर तारमुंडी तोड़कर कब्जा करने और नेहरूनगर निवासी कुसुम ने सार्वजनिक रास्ते पर अतिक्रमण की शिकायत दर्ज कराई। इन प्रकरणों का संज्ञान लेते हुए जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी सदर और विनियमित क्षेत्र के अधिकारियों की संयुक्त टीम बनाकर जांच करने और नियमानुसार प्रभावी कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान विभिन्न तहसीलों में प्राप्त शिकायतों का विवरण इस प्रकार रहा:
ललितपुर तहसील में कुल 36 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व के 12, पुलिस के 06, विद्युत के 04 और अन्य विभागों के 14 मामले शामिल थे। इनमें से 04 का मौके पर निस्तारण किया गया।
तालबेहट तहसील में कुल 65 प्रार्थना पत्र आए, जिनमें राजस्व के 25, पुलिस के 16, विद्युत के 06, पूर्ति विभाग के 08 और अन्य विभागों के 10 मामले शामिल थे। इनमें से 04 का मौके पर निस्तारण हुआ।
महरौनी तहसील में कुल 16 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व के 04, पुलिस के 02, विकास विभाग के 03, चकबंदी के 02, पूर्ति के 04 और विद्युत का 01 मामला शामिल था। इनमें से 04 का मौके पर निस्तारण किया गया।
पाली तहसील में कुल 10 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व के 05, पूर्ति के 02 और पुलिस के 03 मामले शामिल थे। इनमें से 01 का मौके पर निस्तारण हुआ।
मड़ावरा तहसील में कुल 06 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व का 01, पुलिस के 03, विकास का 01 और विद्युत का 01 मामला शामिल था। इनमें से 01 का मौके पर निस्तारण किया गया।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार बाजपेई, डीएफओ नवीन प्रकाश शाक्य, सीएमओ डॉ. वीरेन्द्र सिंह, उप जिलाधिकारी सदर हेमन्त पटेल, क्षेत्राधिकारी सदर सहित जनपद स्तरीय अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
ललितपुर। जनता की विभिन्न समस्याओं के एक ही स्थान पर त्वरित और प्रभावी निस्तारण के उद्देश्य से सोमवार को सदर तहसील में सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी सत्य प्रकाश की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यक्रम में उन्होंने प्रत्येक शिकायतकर्ता की समस्याओं को बारी-बारी से सुना और कई जनशिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कराकर राहत पहुंचाई। शेष शिकायती पत्रों को संबंधित विभागों के अधिकारियों को सौंपते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जांच के दौरान शिकायतकर्ता की उपस्थिति सुनिश्चित की जाए, ताकि निस्तारण से वे पूरी तरह संतुष्ट हो सकें।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि तहसील में आने वाले प्रत्येक फरियादी की समस्या का समाधान त्वरित और पारदर्शी तरीके से होना चाहिए। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही, उन्होंने तहसील के अधिकारियों और कर्मचारियों को कार्यालय व्यवस्था बेहतर रखने, अभिलेखों का सही रख-रखाव करने और आमजन को त्वरित सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए निर्देशित किया ताकि कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बनी रहे।
जनसुनवाई के दौरान कई महत्वपूर्ण मामले सामने आए। ग्राम थनवारा निवासी शिवप्रसाद ने अपनी भूमि पर विपक्षियों द्वारा अवैध कब्जे की शिकायत की। लक्ष्मीपुरा सिविल लाइन निवासी निर्मल कुमार ने विपक्षियों पर बाउंड्री तोड़ने, कृषि कार्य में बाधा डालने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया। चौकाबाग निवासी कमला सिंह ने हदबंदीशुदा भूमि पर तारमुंडी तोड़कर कब्जा करने और नेहरूनगर निवासी कुसुम ने सार्वजनिक रास्ते पर अतिक्रमण की शिकायत दर्ज कराई। इन प्रकरणों का संज्ञान लेते हुए जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी सदर और विनियमित क्षेत्र के अधिकारियों की संयुक्त टीम बनाकर जांच करने और नियमानुसार प्रभावी कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान विभिन्न तहसीलों में प्राप्त शिकायतों का विवरण इस प्रकार रहा:
ललितपुर तहसील में कुल 36 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व के 12, पुलिस के 06, विद्युत के 04 और अन्य विभागों के 14 मामले शामिल थे। इनमें से 04 का मौके पर निस्तारण किया गया।
तालबेहट तहसील में कुल 65 प्रार्थना पत्र आए, जिनमें राजस्व के 25, पुलिस के 16, विद्युत के 06, पूर्ति विभाग के 08 और अन्य विभागों के 10 मामले शामिल थे। इनमें से 04 का मौके पर निस्तारण हुआ।
महरौनी तहसील में कुल 16 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व के 04, पुलिस के 02, विकास विभाग के 03, चकबंदी के 02, पूर्ति के 04 और विद्युत का 01 मामला शामिल था। इनमें से 04 का मौके पर निस्तारण किया गया।
पाली तहसील में कुल 10 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व के 05, पूर्ति के 02 और पुलिस के 03 मामले शामिल थे। इनमें से 01 का मौके पर निस्तारण हुआ।
मड़ावरा तहसील में कुल 06 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व का 01, पुलिस के 03, विकास का 01 और विद्युत का 01 मामला शामिल था। इनमें से 01 का मौके पर निस्तारण किया गया।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार बाजपेई, डीएफओ नवीन प्रकाश शाक्य, सीएमओ डॉ. वीरेन्द्र सिंह, उप जिलाधिकारी सदर हेमन्त पटेल, क्षेत्राधिकारी सदर सहित जनपद स्तरीय अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।